Posts

CORONA | कोरोना महामारी से लड़ने में Steroids कितना कारगर है ?

Image
भारत देश आज आज कोरोना वायरस की दूसरी लहर से जूझ रहा है । जिसमें मरीजों को हॉस्पिटल के अंदर उनके सही इलाज के लिये अन्य एंटीबायोटिक दवाओं के साथ में स्टेरॉइड्स भी दिए जा रहे हैं ।  स्टेरॉइड्स हमारे शरीर पर अहम रूप से असर  डालते हैं । जिनसे हमारे शरीर की इम्युनिटी भी कम हो जाती है ।  स्टेरॉयड शब्द, कॉर्टिकोस्टेरॉइड्स का शार्ट फॉर्म है। यह दवाएं एंटी-इंफ्लेमेटरी और इम्यूनो-सप्रेसिव के रूप में प्रयोग में लाई जाती हैं। आमतौर पर सूजन को कम करने के लिए इन दवाओं का इस्तेमाल किया जाता है। CORONA | कोरोना महामारी से लड़ने में Steroids कितना कारगर है ?  कोरोना में कब दिया जाता है स्टेरॉइड्स -  यदि आप कोरोना पॉजिटिव हैं तो इसके शुरुआती 5 से 6 दिन में स्टेरॉइड्स लेना बहुत ही खतरनाक हो सकता है । यह आपकी इम्युनिटी को कम कर वायरस को शरीर मे अधिक तेजी से फैला सकता है । स्टेरॉइड्स कोरोना मरीज को अधिकांश रूप से ऑक्सीजन लेवल गिरने पर दिया जाता है । लेकिन कौन सा स्टेरॉइड्स देना है , और उसकी कितनी मात्रा देनी है यह जानकारी भी अतिआवश्यक है ।  मधुमेह के मरीज के लिये स्टेरॉइड्स देना ...

चने की दाल से होने वाले 5 लाभ ।

वैसे तो सभी दालें हमारे लिये लाभकारी होती हैं । लेकिन आज हम बात करेंगे चने की दाल की ।  चने का फायदा तो हम सब जानते ही हैं । क्या आप चने की दाल के फायदे जानते हैं ?  आइये जानते हैं कि चने की दाल से हमें कौन कौन से लाभ होते हैं ।   1-  चने की दाल आपके शरीर में आयरन की कमी को पूरा करती है और हीमोग्लोबिन का स्तर बढ़ाने में मदद करती है। इसमें मौजूद अमीनो एसिड शरीर की कोशिकाओं को मजबूत करने में मददगार होती है । 2-    डायबिटीज नियंत्रण के लिए चने की दाल का सेवन बेहद फायदेमंद होता है। यह ग्लूकोज की अधिक मात्रा को अवशोषित करने में काफी मददगार है। सौंदर्य बढ़ाने के लिए चने की दाल का बेसन त्वचा पर लगाना लाभदायक होता है। 3- चने की दाल का सेवन कर आप कब्ज जैसी समस्याओं से आसानी से निजात पा सकते हैं। इतना ही नहीं, पीलिया जैसी बीमारी में चने की दाल का सेवन बहुत फायदेमंद है। 4-  फाइबर से भरपूर चने की दाल, कोलेस्ट्रॉल को कम कर आपका वजन कम करने में भी बेहद फायदेमंद साबित होती है। यह पाचन तंत्र के लिए भी बेहद फायदेमंद है। 5-  चने की दाल जिंक, कैल्शियम, प्रो...

COVID- 19 | नीम हकीम बन कहीं आप खुद की जान खतरे में तो नहीं डाल रहे हैं ।

Image
जहाँ एक तरफ पूरे देश मे कोरोना को लेकर सब लोग परेशान हैं , वहीं दूसरी ओर कुछ लोग रोज रोज नए नए उपायों को बता रहे हैं ।  क्या ये उपाय सच में कारगर हैं , कोरोना संक्रमण को रोकने में । 1-   कुछ लोगों का कहना है कि गाय के गोबर को शरीर पर लगाने से व गौमूत्र को पीने से कोरोना का खतरा कम हो जाता है । इसका डॉक्टरों ने कुछ खास ठोस प्रमाण नहीं बताया है ।  इस मामले में इस बात के कोई ठोस वैज्ञानिक प्रमाण नहीं हैं कि गाय के गोबर या गाय के मूत्र से कोरोना के खिलाफ जंग में इम्युनिटी बेहतर की जा सकती है । ये पूरी तरह से आस्था पर आधारित है लेकिन ये साफ है कि इससे चीजें जटिल हो सकती हैं । 2-  आजकल सभी लोग गर्म पानी का सेवन कर रहे हैैं तो आपको यह भी जान लेना चाहिये कि बिना प्यास के आपको गर्म पानी को नहीं पीना है अधिक गर्म पानी पीने से आपके शरीर के एंजाइम एक्टिव हो जाते हैं जिसके कारण आपको इनसोम्निया बीमारी होने की संभावना हो जाती है । इसलिये पानी को उबालकर कुछ देर ठंडा होने के बाद ही पीये। 3 - आजकल लोग शरीर मे ऑक्सीजन लेवल को बढ़ाने के लिये कई प्रकार के उपायों को लगातार अपना रहे हैं , य...

BLACK FUNGUS | ब्लैक फ़ंगस कैसे पहुँचा रही है लोगों को नुकसान ।

Image
कोरोना काल में हर रोज हमें कुछ न कुछ नई समस्या के बारे में सुनने को मिल रहा है । जैसे आजकल लोग ब्लैक फ़ंगस को लेकर काफी परेशान हैं ।  ब्लैक फंगस क्या है ? यह कोविड के मरीजों व हम लोगों को किस प्रकार हानि पहुँचा रहा है आज इसके बारे में जानेंगे ।  BLACK FUNGUS | ब्लैक फ़ंगस कैसे पहुँचा रही है लोगों को नुकसान । ब्लैक फंगस क्या है ? कोविड के कुछ मरीजों में अभी हाल में म्यूकोर्माइकोसिस नाम का एक फंगल इनफेक्शन काफी देखने को मिल रहा है। इस फंगस यानी फंफूदी का संक्रमण वायु से ही होता है लेकिन यह घातक होता है। यह पहले त्वचा में दिखता है और फिर फेफड़ों और मस्तिष्क को भी संक्रमित करता है। आम बोलचाल की भाषा में इस रोगकारी फफूंदी को ब्लैक फंगस कहते हैं। FUNGUS रोग पैदा करने वाली यह फफूंदी वातावरण में प्राकृतिक रूप से पाई जाती है। यह किसी को संक्रमित नहीं करती बल्कि यह जकड़ती है सिर्फ उन लोगों को जो किसी बीमारी की वजह से दवाएं खा रहे होते हैं। दवाओं की वजह से इन लोगों में वातावरण में मौजूद रोगकारी जीवाणुओं से लड़ने की ताकत घट जाती है। कोविड के मरीज ऐसे ही कम प्रतिरोधक क्षमता के लोग होते हैं ज...

PLASMA | क्या प्लाज्मा थेरेपी सच में कोविड वायरस से हमें बचाने में उपयोगी है ?

Image
आज भारत देश कोरोना की दूसरी लहर से जूझ रहा है । जिसमें लगातार कहीं ना कहीं से अनहोनी की खबर सुनने को आ ही रही है । इसी बीच हर जगह लोग सोशल मीडिया के माध्यम से प्लाज्मा दान के बारे में पोस्ट कर रहे हैं ।  इस पर सवाल यह उठता है कि क्या सच मे प्लाज्मा थेरेपी सच में कारगर है ?  सबसे पहले हम जान लेते हैं कि प्लाज्मा थेरेपी क्या होती है ?  प्लाज्मा थेरेपी क्या है ?        प्लाज्मा खून का ही एक हिस्सा है। यह बॉडी में करीब 52 से 62 फीसदी तक होता है। इसका रंग पीला होता है। इसे खून से अलग किया जाता है। कोविड -19 से ठीक हो चुके मरीजों में एंटीबॉडी विकसित हो चुकी होती है। कोविड से ठीक हुए मरीजों की बॉडी से खून निकाल कर उसमें से प्लाज्मा अलग किया जाता है। और यह कोविड मरीजों को चढ़ाया जाता है। हालांकि प्लाज्मा में एंटीबॉडी बन गई होती है इसलिए इससे मरीज जल्दी रिकवर होता है। डॉ के मुताबिक एक व्यक्ति के प्लाज्मा से 2 मरीज ठीक हो सकते हैं। बता दें कि एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति को ब्लड देने के बाद उसमें से प्लाज्मा किसी दूसरे मरीज को चढ़ाने की प्रक्रिया को कंवलसेंट ...

Sleeping Tips | आठ घंटे सोना है ज़रूरी , वरना हो सकते हैं, 5 नुकसान

Image
स्वस्थ रहने के लिए कम से कम आठ घंटे की नींद आवश्यक होती है, यह तो आप जानते ही होंगे। लेकिन अगर आप कम से कम आठ घंटे की पूरी नींद नहीं लेते हैं तो आपको सेहत के कौन से नुकसान उठाने पड़ सकते हैं, यह आप नहीं जानते। जानिए 5 नुकसान, जो नींद की कमी से होते हैं - 1 जब हम सो रहे होते हैं, तो हमारे शरीर में कुछ सकारात्मक परिवर्तन होते हैं जिनमें हमारा विकास, सुधार, कोशिकाओं का रिलेक्स होना एवं मानसिक विकास आदि। परंतु पर्याप्त नींद नहीं लेने पर आपको यह लाभ नहीं मिल पाते।  2 अगर आप पर्याप्त नींद नहीं लेते हैं, तो यह आपकी मानसिक क्षमता और स्मरण शक्ति के लिए बेहद खतरनाक साबित होता है। आपकी याददाश्त कम होती जाती है, यहां तक कि आपको भूलने की बीमारी भी हो सकती है। 3 तनाव व मानसिक समस्याओं के शिकार अक्सर वे ही लोग होते हैं, जो पर्याप्त मात्रा में नींद नहीं लेते और मस्तिष्क को सही मात्रा में आराम नहीं मिल पाता। 4 नींद पूरी नहीं होने पर शरीर व दिमाग को पूरी तरह से आराम नहीं मिल पाता, जिसके कारण शारीरिक दर्द, अकड़न जैसी समस्याएं होती है। इसके अलावा सिर का भारी होना, चिड़चिड़ापन भी आम बात है। 5 आपके पाचन...

Lungs | फेफड़ों को हेल्थी रखते हैं ये आहार ।

Image
कोरोना ने आज हर जगह तबाही मचा रखी है । इसमें सबसे ज्यादा नुकसान हमारे फेफड़ों पर पड़ रहा है । आज हम आपको कुछ ऐसे आहार के बारे में बताने जा रहे हैं । जिनके सेवन से आपके फेफड़े लम्बे समय तक स्वस्थ रह सकते हैं ।   1. हाई फाइबर फूड्स कोरोना वायरस से बचने के लिए अपने खाने में फाइबर से भरपूर डाइट शामिल करें। आप मल्टीग्रैन आटा , फलिया, चिया सीड्स, किनुआ, और ब्रोकली आदि शामिल करें। इससे आपके फेफड़े मजबूत होंगे। 2. कॉफी आपको शायद ना पता हो मगर कॉफी भी फेफड़े के लिए काफी अच्छी है। हर रोज एक कप ब्लैक कॉफी पीना फेफड़ों के लिए अच्छा होता है। इसमें एंटिऑक्सिडेंट होता है जिससे आपके फेफड़े हेल्दी होते हैं। कोशिश करिए कि आप ब्लैक कॉफी पिएं। 3. साबुत अनाज साबुत अनाज भी फेफड़ों के लिए काफी हेल्दी होता है। आप होल ग्रेन आटा, चावल, जई और जौ आदि अपने डाइट में शामिल करें। इसमें विटामिन ई और फैटी एसिड होता है जो आपके लंग्स को मजबूत रखता है। 4. हरी पत्तेदार सब्जियां  हमें बचपन से हरी पत्तेदार सब्जियां खाने की सीख मिलती है, फेफड़ों को स्वस्थ रखने में भी हरी सब्जियों का हाथ होता है। हरा साग बहुत हेल्दी...