PLASMA | क्या प्लाज्मा थेरेपी सच में कोविड वायरस से हमें बचाने में उपयोगी है ?
आज भारत देश कोरोना की दूसरी लहर से जूझ रहा है । जिसमें लगातार कहीं ना कहीं से अनहोनी की खबर सुनने को आ ही रही है । इसी बीच हर जगह लोग सोशल मीडिया के माध्यम से प्लाज्मा दान के बारे में पोस्ट कर रहे हैं । इस पर सवाल यह उठता है कि क्या सच मे प्लाज्मा थेरेपी सच में कारगर है ? सबसे पहले हम जान लेते हैं कि प्लाज्मा थेरेपी क्या होती है ? प्लाज्मा थेरेपी क्या है ? प्लाज्मा खून का ही एक हिस्सा है। यह बॉडी में करीब 52 से 62 फीसदी तक होता है। इसका रंग पीला होता है। इसे खून से अलग किया जाता है। कोविड -19 से ठीक हो चुके मरीजों में एंटीबॉडी विकसित हो चुकी होती है। कोविड से ठीक हुए मरीजों की बॉडी से खून निकाल कर उसमें से प्लाज्मा अलग किया जाता है। और यह कोविड मरीजों को चढ़ाया जाता है। हालांकि प्लाज्मा में एंटीबॉडी बन गई होती है इसलिए इससे मरीज जल्दी रिकवर होता है। डॉ के मुताबिक एक व्यक्ति के प्लाज्मा से 2 मरीज ठीक हो सकते हैं। बता दें कि एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति को ब्लड देने के बाद उसमें से प्लाज्मा किसी दूसरे मरीज को चढ़ाने की प्रक्रिया को कंवलसेंट ...